135+ Breakup Quotes In Hindi | ब्रेकअप शायरी

किसी ऐसे व्यक्ति से संबंध तोड़ना जिसे आप प्यार करते हैं, कभी भी आसान नहीं होता है। जिसे आप प्यार करते हैं उसे जाने देना – विशेष रूप से हफ्तों, महीनों, या यहां तक ​​​​कि वर्षों की क़ीमती यादों को जमा करने के बाद – अपने आप को दो में फाड़ने जैसा महसूस हो सकता है।

लेकिन यही जीवन है, कभी-कभी लोग प्यार में पड़ने के बाद छोड़ देते हैं और हमें सामना करना पड़ता है।

ज्यादातर समय ब्रेकअप जटिल होते हैं। दर्द को कम से कम करने के लिए क्या कहना है, यह जानने की कोशिश करने से आपका दर्द या दूसरे व्यक्ति का दर्द कम नहीं होगा। लेकिन आप जो कुछ भी करते हैं, कृपया वहाँ के क्लिच से बचने की कोशिश करें!

ब्रेकअप से निपटना कठिन है क्योंकि आप उस व्यक्ति को रातों-रात प्यार करना बंद नहीं करते हैं – ऐसे कई चरण हैं जिनसे आप गुजरते हैं । ब्रेकअप के बाद मुझे अस्थायी खुशी देने के लिए मैं व्यक्तिगत रूप से “बाथटब एंड ईट आइसक्रीम” स्टेज में रहता हूं।

ब्रेकअप का सकारात्मक पक्ष यह है कि आगे बढ़ने का तरीका सीखने से आपको अपने बारे में जानने का मौका मिलता है क्योंकि आप अपने टूटे हुए दिल को ठीक करते हैं।

प्यार से विराम लेने से हमें खुद से फिर से परिचित होने का मौका मिलता है और हमें यह महसूस करने में मदद मिलती है कि हम अपने दिल टूटने वाले अकेले नहीं हैं।

प्राचीन काल से ही लोग टूटे हुए दिलों से पीड़ित हैं।

और क्या आप आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं या अभी भी अपनी भावनाओं से थोड़ा कच्चा महसूस कर रहे हैं, प्रेरणादायक पढ़ना और साझा करना – भले ही एक छोटा सा दुखद – प्यार और नुकसान के बारे में ब्रेकअप उद्धरण आपको ठीक होने पर अकेले कम महसूस करने में मदद कर सकता है।

खामोश लबों से निभाना था हमको ये रिश्ता
पर धड़कनों ने चाहत का शोर मचा दिया

तेरी आँखों में जब से मैंने अपना अक्स देखा है
मेरे चेहरे को कोई आइना अच्छा नहीं लगता

अजीब सबूत माँगा उसने मेरी मोहब्बत का
की मुझे भूल जाओ तो मनु मोहब्बत है

रूबरू मिलने का मौका मिलता नहीं है रोज
इसलिए लफ्ज़ों से तुमको छू लिया मैंने

दिल में ना हो जुर्रत तो मोहब्बत नहीं मिलती
खैरात में इतनी बड़ी दौलत नहीं मिलती

हम रिश्ते मैं ज़रा झुक क्या गए
तुमने तोह हमें गिरा हुआ इंसान
ही समझ लिया,

बहुत बेचैन है आज ये दिल मेरा,
सायद आज फिर उसे मेरी ज़रूरत है,
पर सायद ये मेरा एक बेहेम है,

हमारा अंदाज कुछ ऐसा है
जब हम बोलते है बरास्ते है
और जब खामोश होते है तो
लोग तरसते है.

यही नहीं निकलते आँखों से आंसू
कोई रोटा बस उसके लिए है
जिस इंसान से वो सच्चा प्यार
करता है,

ब्रेकअप की बात सुन के ये
दिल दर जाता है शायद
इसलिए मेरा ईगो मर जाता है,

जख्म जब मेरे सीने के भर जायेंगें…
आँसू भी मोती बनकर बिखर जायेंगे…
ये मत पूछना किस-किस ने धोखा दिया…
वरना कुछ अपनों के चेहरे निकल आयेंगे…

इश्क ने भी यहाँ कैसी तबाही मचा रखी है…
आधी दुनिया पागल और आधी को शायर बना रखी है…

सितम की ये इन्तहाँ देखे जमाना भी…
कि जिस पर मरते थे उसी ने मार डाला…

काँच की चूड़ी लेकर जब तक मैं लौटा…
तब तक उसके हाँथ में एक सोने का कंगन था…

तेरी दुनिया का यह दस्तूर भी अजीब है ऐ खुदा…
मोहब्बत उनको मिलती है जिन्हें करनी नहीं आती…

कुछ मतलब के लिए ढूँढते हैं मुझको,
बिन मतलब जो आए तो क्या बात है।

कत्ल कर के तो #सब ले जाएँगे दिल मेरा,
कोई बातों से ले #जाए तो क्या बात है।

मेरी ये चाहतें आप से अलग कब हैं,
दिल की बातें आप से छुपी कब हैं।

आप साथ रहो दिल में धड़कन बनकर,#
फिर जिंदगी को साँसों की जरूरत कब है।

वो करते हैं शिकायत हमसे कि हम
हर किसी को देखकर मुस्कुराते हैं।

तेरे जाने का दुःख नही मना रहा हूँ
बस जो मोका तुझे दिया
वो अब किसी और
को नहीं दे रहा हूँ।

बेहद दर्द वो देकर मुझको,
अब मेरे हाल है पूंछ रहा,
ज़ालिम अब मासूम सा बनकर,
ज़ख्मो को मेरे कुरेद रहा।

अब तुम्हें क्या बताऊँ,
कैसा हाल है मेरा उसके बिन,
रो-रो कटती हैं मेरी रातें
और रात हो जाता है ये दिन।

उन्हें लगता है उनको अपनी
ज़ेहन से निकाल दिया हमने,
असल में तो उनकी यादों ने
खुद्येर कर रख दिया हमें।

अगर ना ही कहना था तो
थोड़ा पहले बता देती,
अभी अभी मेरी मां ने तुम्हारी
तस्वीर देखकर हां बोला है।

मैं लोगों से मुलाक़ातों के लम्हें याद रखता हूँ,
मैं बातें भूल भी जाऊं पर लहज़े याद रखता हूँ,
जरा सा हट के चलता हूँ ज़माने की रवायत से,
जो सहारा देते हैं वो कन्धे हमेशा याद रखता हूँ..

आपका प्यार मिला जो जीना सिखा गया
आंसुओं की नमी को पीना सिखा गया
कभी गुजरती थी वीराना में जिंदगी अपनी
आपका प्यार जो वीराना सिखा गया

वफ़ा का दरिया कभी रुकता नही,
मोहब्बत में प्रेमी कभी झुकता नही,
किसी की खुशियों के खातिर चुप है,
पर तू ये न समझना की मुझे दुःखता नही..!!

हर पल साथ देने का वादा करते हैं तुझसे,
क्यों अपनापन इतना ज्यादा है तुझसे,
कभी ये मत सोचना भूल जायेंगे तुझे हम,
हर पल साथ निभाने का वादा है तुझसे..!!

जिंदगी में वो लोग बहुत खुशनसीब होते है,
जिन्हें प्यार के बदले प्यार मिलता है,
पर मैं तो दुनिया में सबसे ज्यादा बदनसीब हूँ,
जिसे प्यार करके भी कभी न प्यार मिला और न ही यार..!!

कितनी आसानी से कह दिया तुमने
की बस अब तुम मुझे भूल जाओ
साफ साफ लफ्जो मे कह दिया होता
की बहुत जी लिये अब तुम मर जाओ.

बड़े अचे होते हैं वो लोग जो पहले
अपना बनाने आते हैं और फिर
तुम्हे ही धोकेबाज़ कह के चले जाते है,

तुझमे गुरुर किस बात का है,
तेरे मरने के बाद तेरे अपने भी,
तुझे छू के हाँथ धुयेंगे.

कोइ अच्छा लगे तो उनसे प्यार मत करना..
उनके लिये अपनि निदे बेकार मत करना..
दो दिन तो आयेंगे खुशी से मिलने..
तिसरे दिन कहेंगे ” इंतजार मत करना,

नाराज़ होने वाले को इतना भी
नाराज़ नहीं होना चाहिए की
सामने वाला मज़बूरी म आकर
बोल पड़े चल बे भाड़ में जा तू.

जिसको आज मुझमें हजारों गलतियाँ नजर आती है…
कभी उसने कहा था तुम जैसे दुनिया में कोई और नहीं…

चल अब तू अपना हुनर आजमा के दिखा…
निकाल दिया तुझे दिल से अब जगह बना के दिखा…

उसने मेरी हथेली पे अपनी नाजुक सी ऊँगली से लिखा…
मुझे प्यार है तुमसे… न जाने कैसी स्याही थी कि…
वो लफ्ज मिटे भी नहीं पर आज तक मुझे दिखे भी नहीं…

रब ना करे इश्क की कमी किसी को सताये…
प्यार करो उसी से जो तुम्हें दिल की बात बताये…
प्यार करने से पहले ये कसम जरूर लेना कि…
हे खुदा आखिरी साँस तक हम इस प्यार को निभायेंगे…

मुझे उससे कोई शिकायत है ही नहीं…
शायद मेरी किस्मत में मोहब्बत है ही नहीं…
मेरी तकदीर को लिखने वाले “खुदा” भी मुकर गये…
पुछा तो बोला ये मेरी लिखावट है ही नहीं…

शायद उन्हें नहीं पता कि हमें हर
मुखड़े में सिर्फ वो ही नजर आते हैं।

धोखा ना देना कि तुझपे ऐतबार बहुत है,
ये दिल तेरी चाहत का तलबगार बहुत है।

तेरी सूरत ना दिखे तो दिखाई कुछ नहीं
देता, #हम क्या करें कि तुझसे हमें प्यार बहुत है।

नजर में आपकी #नजारे रहेंगे हमेशा,
पलकों पर चाँद #सितारे रहेंगे।

बदल जाये तो बदले ये जमाना सारा,
हम तो हमेशा आपके दीवाने रहेंगे।

मैं कहाँ जानता था अश्क़ हैं खारे,
तेरे बाद जो होठों पर आने लगे।

मेरी जिंदगी से मेरी खुशीयां
लेकर चली गई वो,
मेरे सुन्दर से घर को मकान
बनाकर चली गई वो।

कोई गिला कोई शिकवा
कोई मलाल मत रखना,
जब मिले हम दोबारा तो
कोई सवाल मत रखना।

मिली है बेवफ़ाई जब से,
ना मैने दिल फिर लगाये,
तुम्हारी दोस्ती से बेहतर,
मुझे मौत ही आ जाये।

जायज है उनका यूँ हमसे
बेहिसाब नफ़रत करना भी,
कभी उन्हें बेहिसाब मोहब्बत
जो हुआ करती थी हमसे।

सोचा था तड़पायेंगे हम उन्हें,
किसी और का नाम लेके जलायेगें उन्हें,
फिर सोचा मैंने उन्हें तड़पाके दर्द मुझको ही होगा,
तो फिर भला किस तरह सताए हम उन्हें..!!

वो बिछड़ के हमसे ये दूरियां कर गई,
न जाने क्यों ये मोहब्बत अधूरी कर गई,
अब हमे तन्हाइयां चुभती है तो क्या हुआ,
कम से कम उसकी सारी तमन्नाएं तो पूरी हो गई..!!

कभी रूठ ना जाना मुझे मनाना नहीं आता,
कभी दूर ना जाना मुझे पास बुलाना नहीं आता,
अगर तुम भूल जाओ तो वो तुम्हारी मर्जी,
हमें तो भूल जाना भी नहीं आता..!!

तेरे बिना ज़िंदगी अधूरी है यारा,
तुम मिल जाओ तो ज़िंदगी पूरी है यारा,
तेरे साथ ज़िंदगी की सारी खुशिया,
दुसरो के साथ हसना तो मज़बूरी है यारा..!!

प्यार में मौत से डरता कोन है,
प्यार हो जाता है करता कोन है,
आप जैसे यार पर हम तो क्या सारी दुनियां फिदा है,
लेकिन हमारी तरह आप पर मरता कौन है..!!

न किसी की आरज़ू न किसी से
फरियाद करेंगे जिन्हे होगी मोहब्बत
वो खुद हमें याद करेंगे,

मुहब्बत करना है तो दिल से करो न,
क्युकी दिमाग हमारे पास भी है,

इश्क़ में कहा कोई उसूल होता है
यार चाहे जैसा भी हो बस क़ुबूल होता है,

तेरी मुहब्बत की हिफाज़त कुछ
इस तरह की हमने जब देखा
किसी ने प्यार से नज़र झुका
ली हमने.

हम अपने ऐसी बात पे गुरुर करते है
मोहब्बत हो या नफरत साहब हम
हमेसा भरपूर करते हैं.

फर्ज था जो मेरा निभा दिया मैंने…
उसने माँगा वो सब दे दिया मैंने…
वो सुनकर गैरों की बातें बेवफा हो गई…
समझकर ख्वाब उसको आखिर भुला दिया मैंने…

मैंने पढ़ी है हजारों आशिकों की किताबें…
किसी में नहीं लिखा कि… मेरा यार मुझे मिला…

कम ही होते हैं जज्बातों को समझने वाले…
इसलिए शायद शायरों की बस्तियाँ नहीं होती…

आईना आज फिर रिशवत लेता पकड़ा गया…
दिल में दर्द था ओर चेहरा हंसता हुआ पकड़ा गया…

अजीब सी पहेली है इन हाथों की लकीरों में…
सफर लिखा है मगर रास्ता नहीं लिखा…
किसी के लिये किसी की अहमियत खास होती है…
एक के दिल की चाबी हमेशा दूसरे के पास होती है…

मिला क्या हमें सारी उम्र मोहब्बत करके,
बस एक शायरी का हुनर और रातों को जागना।

तेरा साथ मेरी चाहत नहीं इबादत है, #
तू मेरी मुहब्बत नहीं आदत है।

पास होकर भी हम जो दूर बैठें हैं,
ये मुकद्दर नहीं खुदा की शरारत है।

ना हम कुछ कह पाते हैं ना वो कुछ कह पाते हैं
एक दूसरे को देखकर गुजर जाया करते हैं।

कब तक चलता रहेंगा ये सिलसिला,
ये सोचकर दिन गुजर जाया करते हैं।

खुशी के मिलने का अब
कोई भी रास्ता ना रहा,
नींद से भी आजकल मेरा
कोई वास्ता ना रहा।

हम ख़ुद की पहचान बनाते रहे
इस जहां में आज तक,
और एक इश्क़ ने हमें
सरेआम बदनाम कर दिया।

उस रोज़ से मुझे चाय से भी
कितनी नफ़रत हुई होगी,
जिस रोज़ बुलाकर चाय पर
मुझे रुख़्सत किया उसने।

बात न हो तो चलता है,
पर साथ न हो तो खलता है।

लाख कोशिश करने
के बाद उसे भुला हूँ,
जिसका नाम अभी
याद आ रहा है।

उदास नज़रो में ख़्वाब मिलेंगे,
कभी काटे तो कभी गुलाब मिलेंगे,
मेरे दिल की किताब को मेरी नज़रो से पढ़ कर तो देखो,
कही आपकी यादे तो कही आप मिलेंगे..!!

जानने की कोशिश की थी तुमको,
तुमने कभी मुझ पर ध्यान ना दिया,
गैरों पर तुम्हे गहरा विश्वास था,
जिसने अपना समझा उस पर विश्वास ना किया..!!

ना समझो कि हम आपको भुला सकेंगे,
आप नही जानते की दिल मे छुपा कर रखेंगे,
देख ना ले आपको कोई हमारी आँखों मे दूर से,
इसलिए हम पलके झुका के रहेंगे..!!

दिल मे आरज़ू के दिये जलते रहेगे,
आँखों से मोती निकलते रहेगे,
तुम शमा बन कर दिल में रोशनी करो,
हम मोम की तरह पिघलते रहेंगे..!!

तरसते थे वो हमसे मिलने को कभी,
आज वो मेरी परछाई से कतराते हैं,
हम भी वहीँ हैं, दिल भी वहीँ हैं,
जाने कैसे यूँ लोग बदल जाते हैं..!

आज वो मेरी परछाई से कतराते हैं,
हम भी वहीँ हैं, दिल भी वहीँ हैं,
जाने कैसे यूँ लोग बदल जाते हैं..!

वो तोड़ गए दिल अब बवाल क्या करे
मेरी ही पसंद थी अब मेरे खुद से क्या सवाल करे.

सीखा दिया दिल ने मुझे अपनों पर
भी शक करना वरना मेरी फितरत थी
गैरों पर भी भरोसा करने की,

ये और बात है की तुझे यकीन नहीं
अत मगर सच ये भी है की मेरा दिल
तेरे सिवा किसी और को नहीं चाहता,

प्यार रट हुए इंसान को भी जीना सीखा देता है
लेकिन जब दिल टूटे जाता है तोह हस्ता हुआ
इंसान हमेशा के लिए हसना भूल जाता है,

किसी के लिए कभी खुद मत बदलो
ज़माना बहोत ख़राब है तुमको बदल
कर खुद बदल जाता है,

ये किसने कहा तुमसे कि हम इश्क की बाजी हार गए हैं…
मोहब्बत में दिल ही लूटाया है पर अभी जान तो बाकी है…

जहर पिलाकर अपने हाथों से कहने लगे हमसे वो…
आओ बाहों में दम तोड़ लेने की हसरत पूरी कर लो…

ठुकरा कर उसने मुझसे कहा कि अब मुस्कुराओ…
और मैं हंस दिया सवाल उसकी खुशी का था…
मैंने खोया वो जो मेरा कभी था ही नहीं…
उसने खोया वो जो सिर्फ उसी का था…

मोहब्बत करने वाले को इनकार अच्छा नहीं लगता…
दुनिया वालों को इकरार अच्छा नहीं लगता…
जब तक लड़का लड़की भाग ना जाये…
तब तक घर वालों को प्यार सच्चा नहीं लगता…

पुराना जहर नए नाम से पिला रहा है मुझे…
ये सिरफिरा इश्क फिर से आजमा रहा है मुझे…

दिल की# हालत किसी से
कही नहीं जाती,# हमसे उनकी चाहत छुपाई नहीं जाती।

बस एक याद बची है उनके चले जाने
के बाद, #वो याद भी दिल से मिटायी नहीं जाती।

नफरत कभी न करना तुम हमसे,
यह हम सह नहीं पाएंगे।

एक बार कह देना हमसे जरूरत नहीं अब
तुम्हारी, तुम्हारी दुनिया से हंसकर चले जाएंगे।

हर रात आपके पास उजाला हो,
हर कोई आपका चाहने वाला हो।

एक सादगी ही बची हैं
मुझमें ऐ दोस्त,
लूटने वाले ने बस यही छोड़ा हैं।

बेहिसाब मोहब्बत तो मैंने की उससे,
उस शख़्स ने सिर्फ़ मेरी नक़ल उतारी।

उसने हमको बीच
रास्‍ते मे छोड़ दिया,
फिर भी ये दिल उस्‍से नफरत करने
कि इजाजत आज भी नही देता।

हम मिले दोबारा उन्हीं राहों में,
हमने भी ये फैसला मंजूर कर लिया।

जायज है मेरा उन्हें यूँ
बेहिसाब याद करना भी,
आजकल वो मेरे प्यार का
हिसाब जो नहीं रखते।

हज़ारो बातें मिल कर एक राज़ बनता है,
सात सुरों के मिलने से साज़ बनता है,
आशिक़ के मरने पर कफ़न भी नहीं मिलता,
और हसीनाओ के मरने पर ताज़ बनता है..!!

प्यार के रास्ते बेवफा हो नहीं सकते,
हम आपसे खफा हो नहीं सकते,
आप बेशक हमें भूल कर सो जाओ,
मगर हम आपको याद किये बिना सो नहीं सकते..!!

दिल का तमाशा देखा नहीं जाता,
टुटा हुआ सितारा देखा नहीं जाता,
अपनी हीसे की सारी ख़ुशी आपको दे दूँ,
मुझसे आपका ये उदास चेहरा देखा नहीं जाता..!!

मोहब्बत भी बड़ी अजीब चीज़ है,
कही कोई अपने प्यार से बोहत खुश है,
तो कही कोई अपने प्यार को कोस्ता है,
विश्वास करो यारो प्यार बड़ी दिलचस्प चीज़ है..!!

हर पल यही सोचता रहा,
के कहा कमी रह गयी थी मेरी चाहत में,
उसने इतनी शिदत्त से मेरा दिल तोड़ा,
के आज तक नहीं संभल पाए..!!

ग्लास उठाओ ” उठा लिया “
जमीन पर मारो ” मर दिया “
क्या ग्लास टूट गया? ” हाँ “
ग्लास से बोलो सोरी ग्लास जुड़ गया,
” नहीं ” दिल भी नहीं जुड़ते,

रोया नहीं हूँ रुलाया गया हूँ…
बनकर पसंद ठुकराया गया हूँ…

मुफ्त में नहीं सीखा है उदासी में मुस्कराने का हुनर…
बदले में जिन्दगी की हर खुशी तबाह की है हमने…

लोग पूछते है कौन है जो तेरी ये हालत कर गया…
मैं मुस्कुराते हुए कहता हूँ उसका नाम…
हर किसी के लब पर अच्छा नहीं लगता…

हर कर्ज मोहब्बत का अदा करेगा कौन…
जब हम नहीं होंगे तो वफा करेगा कौन…
या रब मेरे महबूब को रखना तू सलामत…
वरना मेरे लिए जीने की दुआ करेगा कौन…

मरने को मर भी जाऊँ कोई मसला नहीं…
लेकिन ये तय तो हो कि अभी जी रहा हूँ मैं…

आपका हर वक्त गुजरे उनकी यादों के ही सहारे,#
ऐसा कोई आपके सपनो को सजाने वाला हो।

पास आकर सभी दूर चले जाते हैं,अकेले थे हम, #अकेले ही रह जाते हैं,
इस दिल का दर्द दिखाएँ किसे#,मल्हम लगाने वाले ही जखम दे जाते हैं।

आरजू नहीं के ग़म का तूफान टल जाये,
फ़िक्र तो ये है तेरा दिल न बदल जाये,
भुलाना हो अगर मुझको तो एक एहसान करना,
दर्द इतना देना कि मेरी जान निकल जाये।

कौन कहता है हम उसके
बिना मर जायेंगे,#हम तो दरिया है समंदर में उतर जायेंगे,
वो तरस जायेंगे प्यार की एक बून्द के लिए,
हम तो बादल है #प्यार के #किसी और पर बरस जायेंगे।

कदम कदम पर बहारो ने साथ छोडा,
जरुरत पडने पर यारो ने साथ छोडा,
बादा किया सितारोँ ने साथ निभाने का,
सुबह होने सितारो ने साथ छोडा।

वक़्त कितना ही लगता है
किसी को भूल जाने में,
बस कुछ दिनों के आँसु
और ज़िन्दगी भर की मौत।

तुम लोग समझते क्यों नहीं
बात ये नही की मोहब्बत न
मिली हादसा ये है
की ठुकराया गया हूँ मैं।

तुझसे अब बात तक करने
को तरस गए हैं हम,
बिन मौसम हुई बारिश की
तरह बरस गए हैं हम।

अपने ही आँसुओ से
अपने घर को सींचा है,
कैसे बताऊं तेरे जाने से
मेरा दिल कितना पसीजा है।

मुस्कुराती है वो,
अब भी मेरा नाम सुनकर,
प्यार की कुछ किस्तें
शायद अब भी बाकी है।

तोडना होता तो रिश्ता हम ना बनाते,
उम्मीद ना होती तो हम सपने नहीं सजाते,
इतबार है हमें आपके प्यार पे,
भरोसा ना होता तो प्यार के लिए हाथ आगे ना बढ़ाते..!!

सपनो में आने वाली तेरा शुक्रिया,
दिल को धड़काने वाली तेरा शुक्रिया,
कौन करता है आज जहाँ में किसी से इतनी महोबत,
हमें अपनी ज़िंदगी में शामिल करने वाली तेरा शुक्रिया..!!

दिल के समुन्दर में एक गहराई है,
उसी गहराई से तुम्हारी याद आई है,
जिस दिन हम भूल जाये आपको,
समझ लेना हमारी मौत आई है..!!

जख़्म इतना गहरा हैं इज़हार क्या करें,
हम ख़ुद निशां बन गये ओरो का क्या करें,
मर गए हम मगर खुली रही आँखे हमरी,
क्योंकि हमारी आँखों को उनका इंतेज़ार हैं..!!

वो बात क्या करें जिसकी कोई खबर ना हो,
वो दुआ क्या करें जिसका कोई असर ना हो,
कैसे कह दे कि लग जाय हमारी उमर आपको,
क्या पता अगले पल हमारी उमर ना हो..!!

जख्म खरीद लाया हूँ इश्क के बाजार से…
दिल जिद कर रहा था मुझे मोहब्बत चाहिए…

नींद भी नीलाम हो जाती है दिल की महफिल में…
किसी को भुलाकर सोना इतना आसान नहीं होता…

ना रख किसी से मोहब्बत की उम्मीद ऐ दोस्त…
कसम से लोग खुबसूरत बहुत हैं पर वफादार नहीं…

सुनो… मुझे पढ़कर भी तुम जो जवाब नहीं देते हो ना…
याद करोगे जब हम तेरे लिए लिखना छोड़ देंगे…

नींद उड़ाकर मेरी वो कहते हैं सो जाओ कल बात करेंगे…
अब कोई हमें समझाये कि कल तक हम क्या करेंगे…

वो तो अपना दर्द रो-रो कर सुनाते रहे,
हमारी तन्हाइयों से भी आँख चुराते रहे,

हमें ही मिल गया खिताब-ए-बेवफा क्योंकि
हम हर दर्द मुस्कुरा कर छुपाते रहे।

मुद्दतो तक उसकी तलाश रख्खी,
उसके दीदार की दिल में आस रख्खी, #उम्मीद का दिया बुझने ना दिया,
खुदा ने क्यों मेरी जिंदगी उदास रख्खी।

कफ़न न डालो मेरे चेहरे पर,#मुझे आदत है गम में मुस्कुराने की
रूक जाओ आज की रात न दफनाओ
मेरी मौत से बनी है मुहूर्त उसके आने की।

दोस्त दोस्त नहीं खुदा होता है,
महसूस होता है जब वो जुदा होता है,
बिना दोस्त के जीना सजा होता है
और दोस्त तुम जैसा हो तो जीवन में मज़ा होता है।

सिर्फ मोहब्बत को पाना 💔ही मोहब्बत नहीं होती
कभी तुम भी कर# लेते,

निकलते-निकलते निकल ही गया
फिर वो शख्स हाथ से,
यकीन माने मेरा तुम मैंने हाथ
थामने में पूरी जान लगा दी थी।

कोई गिला नहीं,
कोई शिकवा नहीं,
तुझे माफ़ किया,
तेरी सजा यही।

तुम्हे याद तो नहीं करता मैं,
बस याद आ जाती है तुम्हारी।

जब कोई अपना दूसरो
के करीब होने लगता है,
तब दूरियों का एहसास भी
ज़्यादा होने लगता है।

तुम लोग समझते क्यों नहीं
बात ये नही की मोहब्बत न
मिली हादसा ये है
की ठुकराया गया हूँ मैं।

धोखा दिया था जब तूने मुझे,
जिंदगी से मैं नाराज था,
सोचा कि दिल से तुझे निकाल दूं,
मगर कंबख्त दिल भी तेरे पास था..!!

वक़्त के मोड़ पे ये कैसा वक़्त आया है,
ज़ख़्म दिल का ज़ुबाँ पर आया है,
न रोते थे कभी काँटों की चुभन से,
आज न जाने क्यों फूलों की खुशबू से रोना आया है..!!

सामने मंजिल तो रास्ते ना मोड़ना,
जो मन मे हो वो ख़्वाब ना तोड़ना,
हर कदम पर मिलेगी सफ़लता,
बस आसमान छूने के लिए जमीन ना छोड़ना..!!

जिंदगी की हक़ीकत सिर्फ इतनी होती है,
जब जागता है इंसान तो किस्मत सोती है,
इंसान जिस पर अपना हक़ खुद से ज्यादा समझता है,
वो अमानत अक्सर किसी और की होती है..!!

वक़्त के मोड़ पे ये कैसा वक़्त आया है
ज़ख़्म दिल का ज़ुबाँ पर आया है
न रोते थे कभी काँटों की चुभन से
आज न जाने क्यों फूलों की खुशबू से रोना आया है

मुश्किल इतनी है कि हमें जताना नहीं आता…
इल्जाम ये लगा है कि हमें निभाना नहीं आता…

इश्क लिखना चाहा तो कलम भी टूट गई…
ये कहकर अगर लिखने से इश्क मिलता तो…
आज इश्क से जुदा होकर कोई टूटता नहीं…

इश्क क्या देगा जिंदगी किसी को क्योंकि…
ये तो शुरू ही किसी पर मर मिटने से होता है…

ऐसा नहीं की जिंदगी में कोई आरजू नहीं है…
पर वो ख्वाब पुरा कैसे करुँ जिसमें तू है ही नहीं…

रोती हुई आँखों में इंतजार होता है ना चाहते हुए भी…
प्यार होता है क्यों देखते हैं हम वो सपने…
जिनके टूटने पर भी सच होने का इंतजार होता है…

इंतज़ार रहता है हर शाम तेरा
यादें कटती हैं ले-ले कर नाम तेरा
मुद्दत से बैठे हैं ये आस पाले कि
आज आयेगा कोई पैगाम तेरा

मेरा हर लम्हा# चुराया आपने
आँखों को एक ख्वाब दिखाया आपने,
हमें ज़िंदगी दी किसी और नेपर
प्यार में जीना सिखाया आपने।

वफा करने से मुकर गया है दिल
अब प्यार करने से डर गया है दिल,
अब किसी शहारे की बात मत करना,
झूठे दिलासों से भर गया है दिल।

टूटे हुए दिल ने भी उसके लिए दुआ मांगी
मेरी साँसों ने हर पल उसकी ख़ुशी मांगी,
न जाने कैसी दिल्लगी थी उस बेवफा से
के मैंने आखिरी ख्वाहिश में भी उसकी वफ़ा मांगी।

कल रात #मैंने अपने सारे ग़म,
कमरे की दीवार पर लिख डाले,
बस फिर हम सोते रहे और दीवारे #रोती रही

मेरी बर्बादी पर तू कोई मलाल ना करना,
भूल जाना मेरा ख्याल ना, करना,#हम तेरी ख़ुशी के लिए कफ़न ओढ़ लेंगे
पर तुम मेरी लाश ले कोई सवाल मत करना!

इश्क में मुनाफा कम
नुकसान ज्यादा होगा,
काश यह जान लेते
तेरे बाद मेरा क्या होगा।

अगर ना ही कहना था तो
थोड़ा पहले बता देती,
अभी अभी मेरी मां ने तुम्हारी
तस्वीर देखकर हां बोला है।

अगर तुम्हें वक्त मिले तो
अपनी यादों को समझा दो,
एक कर्जदार कि तरह हमें
दिन रात तंग करती हैं।

जब तुम्हारे अंदर का
अहंकार खत्म हो जाएगा,
तब तुझे मेरे इश्क़ का
कद्र समझ मे आएगा।

न जाने क्यों फर्क नही
पड़ता अब उसको,
एक पल का भी सब्र
नही था पहले जिसको।

हर पल साथ देने का वादा करते हैं तुझसे,
क्यों अपनापन इतना ज्यादा है तुझसे,
कभी ये मत सोचना भूल जायेंगे तुझे हम,
हर पल साथ निभाने का वादा है तुझसे।

यारो जो कभी हमारी आंखों में
एक आंसू भी नही देखा करता था,
अफसोस आज वही हमारी
बहते आंसुओं की बजह है।

वो बात क्या करें जिसकी कोई खबर ना हो,
वो दुआ क्या करें जिसका कोई असर ना हो,
कैसे कह दे कि लग जाय हमारी उमर आपको,
क्या पता अगले पल हमारी उमर ना हो।

दुख का समा मुझे घेर लेता है,
जब तेरी याद में ये पल भर के लिए होता है,
ना जाने कब वो दिन आएगा,
जब हर पल इस ज़िन्दगी का तेरे साथ गुजर जाएगा।

मोहब्बत मुकद्दर है कोई ख़्वाब नही,
ये वो अदा है जिसमें हर कोई कामयाब नही,
जिन्हें मिलती मंज़िल उंगलियों पे वो खुश है,
मगर जो पागल हुए उनका कोई हिसाब नही।

क्यों जिंदगी इस तरह तुम दूर हो
गए क्या बात है जो# इस तरह मगरूर हो गए।

हम तरसते रहे तुम्हारा#
प्यार पाने को बेवफा बनकर तुम तो मशहूर हो गए।।,

मोहब्बत की सजा बेमिसाल दी उसने,
उदास रहने की आदत सी डाल दी

दिल जीत लु वो नजर मै भी रखता हु,#
भीड मैं नजर आऊ वो# हुनर रखता हू,
वादा किया है मैने# मुस्कराने का वरना,#

इन आँखो मैं समंदर मै भी रखते
मैंने भी किसी से प्यार किया था#उनकी रहो,

दर्द को दर्द अब होने लगा है,
दर्द अपने गम पे खुद रोने लगा है,
अब हमें दर्द से दर्द नही लगेगा,
क्योंकि दर्द हमको छू कर खुद सोने लगा है।

प्यार किया तुझको दिलोजान से,
इस दिल में तुमको इस कदर बसा लिया,
भुला ना पाया है ये दिल तुझको आज तक,
लेकिन तुमने तो इसे दुख के आंसू रुला दिया।

किसी की चाहत पे ज़िंदा रहने वाले हम ना थे;
किसी पर मर मिटने वाले हम ना थे;
आदत सी पड़ गयी, तुम्हे याद करने की;
वरना किसी को याद करने वाले हम ना थे।

आती है तेरी याद अंधेरे की तरह,
उदास करती है मुझे गम की तरह,
मुझे तो अब बस उस दिन का इंतजार है,
जब तू आएगी मेरी ज़िन्दगी में सवेरे की तरह।

उदास नज़रो में ख़्वाब मिलेंगे,
कभी काटे तो कभी गुलाब मिलेंगे,
मेरे दिल की किताब को मेरी नज़रो से पढ़ कर तो देखो,
कही आपकी यादे तो कही आप मिलेंगे।

ना समझो कि हम आपको भुला सकेंगे,
आप नही जानते की दिल मे छुपा कर रखेंगे,
देख ना ले आपको कोई हमारी आँखों मे दूर से,
इसलिए हम पलके झुका के रहेंगे।

में इंतजार किया था हमें क्या पता वो भूल ज्यांगे हमें
कसूर उनका नहीं #मेरा ही था जो एक बेवफा से प्यार किया था !!

मोहब्बत का नतीजा दुनिया में हमने बुरा देखा जिन्हे दावा
था वफा का उन्हें भी हमने बेवफा देखा|

वफ़ा पर हमने घर लुटाना था लेकिन वफ़ा लौट गयी लुटाने
से पहले#चिराग तमन्ना का जला तो दिया था मगर
बुझ गया जगमगाने से पहले.

जो नजर से गुजर जाया करते हैं वो
सितारे अक्सर टूट जाया करते हैं#कुछ,

लोग दर्द को बयां नहीं होने देते बस
चुपचाप बिखर जाया करते हैं.

उल्फत का यह दस्तूर होता है
जिसे चाहो वही हमसे दूर होता है
दिल टूट कर बिखरता है इस क़द्र जैसे कांच 💔का
खिलौना गिरके चूर-चूर होता है.

अभी हाथ छोड़ कर जा रहे हो,
मगर एक दिन इस हाथ को थमने के लिए तरस जाओगे।”

बहुत भीड है मोहब्बत के इस शहर में,
एक बार जो बिछडा वापस नहीं मिलता..!!

जरूरी नहीं की हर रिश्ता बेवफाई के साथ ही खत्म हो,
कुछ रिश्तें किसी की ख़शी के लिए भी तोड़ने पड़ते हैं..!!

दर्द की शाम हो या सुख का सवेरा हो,
सब कुछ कबूल है अगर साथ तेरा हो..!!

ये मोहब्बत के हादसे अक्सर,
दिलों को तोड़ देते हैं,
तुम मंजिल की बात करते हो,
लोग राहों में ही साथ छोड़ देते हैं..

यकीन था कि तुम भूल जाओगे मुझको
ख़ुशी है की हम उम्मीद पर खरे उतरे

मुद्दतों जिसको तलाशा आज वो मेरे करीब है
अपना प्यार पाना भी कहाँ सबको नसीब है

अदा है ख्वाब है तकसीम है तमाशा है
मेरी इन आँखों में एक शख्स बेतहाशा है

दिल लेके मुफ्त में कहते है कुछ काम का नहीं
उलटी शिकायत है एहसान तो गया

राज़ खोल देते हैं नाजुक से इशारे अक्सर
कितनी खामोश मोहब्बत की जुबान होती है

मैं लोगों से मुलाक़ातों के लम्हें याद रखता हूँ
मैं बातें भूल भी जाऊं पर लहज़े याद रखता हूँ
जरा सा हट के चलता हूँ ज़माने की रवायत से
जो सहारा देते हैं वो कन्धे हमेशा याद रखता हूँ.

जो पिंजरे काट कर उड़ना जानते है
उन पक्छिउन को आज़ाद क्यों करे
हम तुम्हे जाना था तुम चले गए
अब तुम्हे रोज़ रोज़ याद क्यों करे हम.

इश्क़ ही नहीं समझी में,हम सब कुछ
गवाह बैठे,उसे ज़रूरत थी यार खिलोने
की और हम तो अपना दिल ही थमा बैठे.

तू मत कर मुझे माफ़ में गुन्हेगार ही रहना चाहता हूँ
क्युकी में इस बार रोया और रोना नहीं चाहता हूँ,

ये मोहब्बत के हादसे अक्सर दिलों को
तोड़ देते हैं तुम मंजिल की बात करते हो
लोग राहों में ही साथ छोड़ देते हैं.

खुदा ने पूछा… क्या सजा दूँ तेरे प्यार को…
दिल से आवाज आई…
मुझसे सच्ची मोहब्बत हो जाये मेरे यार को…

मत पलटो मेरी जिंदगी के पन्नों को…
हर उस शख्स ने दिल दुखाया है जिस पर मुझे नाज था…

हर रोज पीता हूँ तेरे छोड़ जाने के गम में…
वरना पीने का मुझे कोई शौक नहीं…
बहुत याद आते हैं तेरे साथ बिताए हुए लम्हें…
वरना मुझे मर – मर कर जीने का कोई शौक नहीं…

किसी को हंसते खिल-खिलाते देखता हूँ तो…
यही दुआ करता हूँ ऐ खुदा बस इसे मोहब्बत ना हो…

प्यार किया बदनाम हो गये चर्चे हमारे सरेआम हो गए…
जालिम ने दिल उस वक़्त तोड़ा जब हम उसके गुलाम हो गए…

एक तेरा नाम लेते ही मेरे चेहरें पर मुस्कान आ जाती है
मै कितनी ही मुश्किल में क्यों ना हूं मेरी जान में जान आ जाती है

वक़्त के मोड़ पे ये कैसा वक़्त आया है
ज़ख़्म दिल का ज़ुबाँ पर आया है
न रोते थे कभी काँटों की चुभन से
आज न जाने क्यों फूलों की खुशबू से रोना आया है

शीशे में डूब कर पीते रहे उस जाम को
कोशिशें की बहुत मगर भुला न पाए तेरे एक नाम को

हमारी कद्र उनको होगी तन्हाईयो में एक दिन
अभी तो बहुत लोग हैं उनके पास दिल्लगी करने को.

मुझ पर अपना इश्क यूँ ही उधार रहने दे
बड़ा हसीन है ये कर्ज मुझे अपना कर्जदार रहने दे

दिल के टुकड़े रखे थे #सम्भाल कर एक
टुकड़ा ना #जाने कहां खो गया।

दिल आज उसकी बात किए बगैर ही सो गया,
।और खुदा ने मेरे हाथो में मोहब्बत की लकीर ही नहीं बनाई थी

मेने जिस से दिल लगाया
वो किसी और का हो गया।

तू था त तो सुकून था जिंदगी को
तू नहीं तो जिंदगी से बेजार हुआ हूं।

में तुम से मिल कर आबाद हुआ था,
में तुम से ही मिल कर बरबाद हुआ हूं।

रोया नहीं रुलाया गया हूँ
पसंद बन कर ठुकराया गया हूँ।

तेरे बाद ख़ुदसे यही पूछता हूँ,
कहीं फिर मिलें अगर
तो क्या बात होगी।

अक्सर मोहब्बत में ऐसा होता है,
एक बात करने के लिए तड़पता है,
और दुसरा
सुकून की नींद सोता है।

रोने की सज़ा न रुलाने की सज़ा है,
ये दर्द मोहब्बत को निभाने की सज़ा है।

एक खूबसूरत सा रिश्ता
कुछ यूँ ख़त्म हो गया,
वो नजरअंदाज करते रहे
और हम दूर होते गए।

तुमने मुझे मुझसे ब्रेकअप कर लिया
चलो कोई बात नहीं।
जिसके लिए मुझसे ब्रेकअप किया है
उसे कभी मत छोड़ना।

बिछड के मोहब्बत के फसाने याद रहते है,
उजड जाती है महफिल मगर चेहरे याद रहते है..!!

मैं खुद को तुझ से मिटा लुँगा बडी ऐहतिहात के साथ,
तो बस निशाँ लगा दे जहाँ जहाँ मैं बसा हुआ हुवा हूँ..!!

कितनी आसानी से कह दिया तुमने,
की बस अब तुम मुझे भूल जाओ,
साफ साफ लफ्जो मे कह दिया होता,
की बहुत जी लिये अब तुम मर जाओ..

जिनकी याद में हम दीवाने हो गए,
वो हम ही से बेगाने हो गए,
शायद उन्हें तालाश है अब नये प्यार की,
क्यूंकि उनकी नज़र में हम पुराने हो गए..

कोई रिश्ता जो न होता, तो वो खफा क्यों होता
ये बेरुखी, उसकी मोहब्बत का पता देती है

एहसास मिटा तलाश मिति मिट गई उम्मेदे भी
सब मिट गया पर जो न मिला वो है यादें तेरी

मुझ में लगता है कि मुझ से ज्यादा है वो
खुद से बढ़ कर मुझे रहती है जरुरत उसकी

यही बहुत है कि तुमने पलट के देख लिया
ये लुत्फ़ भी मेरी उम्मीद से कुछ ज्यादा है

रोज़ पिलाता हूँ एक ज़हर का प्याला उसे
एक दर्द जो दिल में है मरता ही नहीं है

जिस दिन आप जमीं पर आये
तब आसमान बी खूब रोया था
आखिर उसका आंसू थमते भी कैसे
उसने हमारे लिए अपना सबसे प्यारा
सितारा जो खोया था.

ब्रेकअप शायरी इन हिंदी
क्या उदा कर कफ़न अपनी ही लाशः
को कुछ इस तरह लेटया जाता हूँ की
तुम पहले मुहब्बत तो करो दर्द क्या
होता है तब बताता हूँ में आपको.

अपने वो होते है है जिन्हे दर्द का एहसास
हो वरना हाल – चाल तो रस्ते में आने जाने
भी पूछ लिए करते है.

रस्मों रिवाज की जो परवाह करते हैं
प्यार में वो लोग गुनाह करते हैं
इश्क वो जुनून है जिसमें दीवाने
अपनी खुशी से खुद को तबाह करते हैं.

कुछ लोग हमारी क़दर इसलिए नहीं करते
क्यूंकि हम उन्हें एहसास दिला चुके होते है
की हम उनके बिना रह नहीं सकते,

दिल से शायरी करना भी कोई मामूली बात नहीं है दोस्तों…
जितनी गहरी आह होगी उतनी ही ज्यादा वाह-वाह होगी…

हमें क्या पता था कि मौसम आज ऐसे रो पड़ेगा…
हमने तो आसमान को बस अपनी दास्तान सुनाई थी…

चलो मान लिया पत्थर हूँ मैं तो फिर…
तुम हुनरमंद थे तो मुझे तराशा क्यों नहीं…

ऐ खुदा आज ये फरमान लिख दे…
मेरी हर खुशी मेरे यार के नाम लिख दे…
अगर उसकी खुशी के लिए किसी की जान…
चाहिये तो उस मौत पर हमारा नाम लिख दे…

रात की तन्हाई में उनको आवाज दिया करते हैं…
रात में सितारों से उनका जिक्र किया करते हैं…
वो आये या न आये हमारे ख्वाबों में…
हम तो बस उन्ही का इंतजार किया करते हैं…

तुम्हारा दिल मिरे दिल के बराबर हो नहीं सकता
वो शीशा हो नहीं सकता ये पत्थर हो नहीं सकता

मैंने सोचा था समझोगे तुम मेरे हालात
लेकिन तुमनें तो ख़्यालात ही बदल दिए

कोई खबर नही उनकों,क्या हम पर गुज़री है
अकेले तन्हा तन्हा रातेंदर्द बन कर सीने से उतरी है

एक खता हुई है हमसें, जो तेरा दीदार कर लिया
दुसरा तो गुनाह ही हो गया, जो तुमसें ही प्यार कर लिया

दुनिया को तो सुकून चाहिए ,
मुझे तो बस तू I लव यू माय जान चाहिए ।

जिंदगी में ऐसे लोग# भी मिलते हैं
जो वादे तो नहीं करते लेकिन# निभा बहुत कुछ जाते है ,#अक्सर वही रिश्ते #लाजवाब होते हैं .
जो एहसानों से नहीं ,# #एहसासों से बने होते हैं !

मोहब्बत सूरत से नही होती#मोहब्बत तो दिल से होती है
सूरत उनकी अच्छी

लगने लगती जिनकी कद्र दिल में होती है . . ! !

कुछ मजबूरियाँ हैं वरना कहाँ
रहा जाता है तेरे बिन

जो नजर से गुजर जाते है,
वो सितारे अक्सर टूट जाते है।

मुझे मालूम है तुम बहुत खुश हो इस जुदाई से,
अब बस ख्याल रखना तुमको हम जैसे नहीं मिलेगा।

वो लोग जो तुमको कभी कभी याद आते है,
कभी हमको भी इन में शामिल करना।

कैसा संगदिल है सनम मेरा,
प्यार सीखा कर वो जुदाई मांगते है।

अगर बिछड़ने से मुस्कुराहट लौट आये तुम्हारी,
तो तुम्हे हक है की मुझसे दूरियां बना लो।

जो नजर से गुजर जाते है,
वो सितारे अक्सर टूट जाते है।

हर धड़कन में एक राज़ होता है,
बात को बताने का भी एक अंदाज़ होता है,
जब तक ना लगे ठोकर बेवाफ़ाई की,
हर किसी को अपने प्यार पर नाज़ होता है..

दो कदम तो सब चल लेते हैं पर जिंदगी भर कोई साथ नहीं देता,
अगर रोने से भूला दी जाती यादें तो हंसकर कोई गम न छुपाता…!!

नशा मोहब्बत का हो या शराब का होश दोनों में खो जाता है,
फर्क सिर्फ इतना है,
शराब सुला देती है और मोहबत रुला देती है..!!

कुछ पल की यह मोहब्बत कैसी,
हमसे जुदा होने की ये हसरत कैसी,
अभी तो वादे किये थे प्यार इश्क वफ़ा के,
तो फिर हमसे दूर होने की ये चाहत कैसी..

बहुत चाहा उसको जिसे हम पा न सके,
ख्यालों में किसी और को ला न सके,
उसको देख के आँसू तो पोंछ लिए,
लेकिन किसी और को देख के मुस्कुरा न सके..

उसको हर चंद अंधेरों ने निगलना चाहा
बुझ न पाया वो मोहब्बत का दिया है शायद

लम्हों में क़ैद कर दे जो सदियों की चाहतें
हसरत रही कि ऐसा कोई अपना तलबगार हो

सुना है उसकी मोहब्बत दुआएं देती है
जो दिल पे चोट खाए मगर गिला ना करे

आँख रखते हो तो उस आँख की तहरीर पढ़ो
मुँह से इकरार न करना तो है आदत उसकी

मोहब्बत नाम है जिसका वो ऐसी क़ैद है यारों
कि उम्रें बीत जाती हैं सजा पूरी नहीं होती

इंसान अगर प्यार में पड़े तो
ग़म में पद हि जाता है क्युकी
प्यार किसी को चाहे जितना भी
करो थोड़ा सा तो काम पद ही
जाता है.

आंसू बहाने से कोई अपना नहीं होता,
जो अपना हो वो रोने कहा देते है साहब,

एक पल का एहसास बनकर आते हो तुम,
दुसरे ही पल ख्वाब बनकर उड़ जाते हो तुम,
जानते हो की लगता है डर तन्हाइयों से,
फिर भी बार बार तनहा छोड़ जाते हो तुम.

कोई कहता है दुनिया प्यार से चलती है,
कोई कहता है दुनिया दोस्ती से चलती है,
लेकिन जब हमने लोगों को आज़माया
तब पता चला दुनिया तो मतलब से चलती है,

ज़िन्दगी में अगर हमेशा खुस रहना है
तो कभी प्यारर मत करना वरना ये दो
दिन का प्यार तुम्हे ज़िन्दगी भर का दर्द
दे जायेगा,

उसकी हसरतों को मेरे दिल में लिखने वाले ऐ खुदा…
काश कि उसे भी हमारी तकदीर में लिख दिया होता…

कोई छुपाता है या कोई बताता है तो कोई रुलाता है…
तो कोई हंसाता है… प्यार तो हर किसी को…
किसी न किसी से हो जाता है… फर्क तो इतना है कि…
यहाँ पर प्यार को कोई अजमाता है या कोई निभाता है…

भीगी भीगी सी ये जो मेरी लिखावट है आपको पता है…
स्याही में थोड़ी सी मेरे आँसुओं की भी मिलावट है…

किसी की कमी जब महसूस होने लगे तो समझो…
जिंदगी में उसकी मौजूदगी बहुत गहरी हो चुकी है…

कभी पत्थरों पर फूल खिल जाते हैं…
कभी अजनबी अपने बन जाते हैं…
कभी लाशों को कफन तक नहीं मिलता…
कभी लाशों पर ताजमहल बन जाते हैं…

.कुछ लोग दर्द को बयां नहीं
होने देते,# बस चुपचाप बिखर जाते हैं।

रोने की सज़ा न रुलाने की सज़ा है,
ये दर्द मोहब्बत को निभाने की सज़ा है।

कुछ लोग दर्द को बयां नहीं होने देते,
बस चुपचाप बिखर जाते हैं।

मेरे दिल का हाल जो जान ले,
मुझे उस नजर की तलाश है।

साँसों से साँसे मिलाकर,
जाने कितने वादे कर गए,
फिर ऐसी बेवफ़ाई की,
हम उन्हीं पलों में मर गए।

उसके पास बैठे-बैठे
मैंने भी सुबह से शाम कर दी,
आखिर आखिरी बार
मिलने आई थी वो।

अगर हम दोस्त होते तो साथ होते,
वो इश्क़ ही था,
जिसने हमें जुदा किया।

हर बात में आंसू बहाया नहीं करते,
दिल की बात हर किसी को बताया नहीं करते,
लोग मुट्ठी में नमक लेके घूमते है,
दिल के जख्म हर किसी को दिखाया नहीं करते..

आँखों की गहराई को समझ नहीं पाते,
होठ है मगर कुछ हम कह नहीं पाते,
अपनी दिल की बात किस तरह कहे तुमसे,
तुम वही हो जिनके बिना हम रह नहीं पाते..

चाहत वो नहीं जो जान देती है,
चाहत वो नहीं जो मुस्कान देती है,
ऐ दोस्त चाहत तो वो है,
जो पानी में गिरा आँसू पहचान लेती है..

जोड़कर रिश्ता मोहब्बत का किसी से,
उसे तन्हा अकेले छोड़ा नहीं जाता,
कांच से होते है यह दिल के रिश्ते,
इन दिल के रिश्तों को यु ही तोड़ा नहीं जाता..

गुजरता वक़्त हमें एहसास दिला देता है,
जिसे चाहते हैं हम वो ही दिल दुखा देता है,
वक़्त मरहम लगा देता है जिन जख्मो पर,
कोई अपना उस दर्द को फिर से जागा देता है..

उनका मिलना तकदीर में नहीं था
वडने मैंने क्या कुछ नहीं किया उसे पाने के लिए

टपकती है निगाहों से बरसती है अदाओं से
मोहब्बत कौन कहता है कि पहचानी नहीं जाती

अपनी मोहब्बत पे फक़त इतना भरोसा है मुझे
मेरी वफायें तुझे किसी और का होने न देंगी

भला ज़ख्म खोल कर दीखौ क्यु
उदास हूँ तो हूँ तुम्हे बताऊ क्यों

कभी ये दुआ कि उसे मिलें जहाँ की खुशियाँ
कभी ये खौफ कि वो खुश मेरे बगैर तो नहीं

आँखे भरी है आंसू से मगर हम रोए नहीं है,
वो मेरी साडी दुनिया थी,मगर में उसका कोई
नहीं था,उसकी बेवफाई तो देखो कितने आराम
से सोई है मुझे छोड़ कर इक में हूँ की उसके
जीने के बाद कई रातों से सोया नहीं हूँ.

यूही किसी की याद मे रोना फ़िज़ूल है,
इतने अनमोल आसू खोना फ़िज़ूल है
रोना है, तो उनके लिये जो हम पे निसार है,
उनके लिये क्या रोना जिनके आशिक़ हज़ार है.

करोगे याद गुज़ारे ज़माने को तरसोगे हमारे
साथ एक पल बैठने को फिर आवाज़ डोज
हमे वापिस बुलाने को और हम कहेंगे दरवाज़ा
नहीं है क़बर से भर आने को.

औरत की वफादारी तब पता चलती है
जब उस मर्द के पास कुछ न हो और
मर्द की वफादारी तब पता चलती है
जब उसके पास सब हो.

कौन देता हैं साहब उम्र भर तक का सहारा
लोग तोह जनाज़े मैं भी कंधे बदलते रहते है,

वक्त के इस मोड़ पर कैसा वक्त आया है…
जख्म इस दिल का जुबान पे आया है…
नहीं रोते थे हम काँटों की चुभन से पर…
आज फूलों की चुभन ने हमको रुलाया है…

जख्म इतना गहरा है कि इजहार क्या करें…
हम खुद निशान बन गए अब वार क्या करें…
मर गए हम मगर खुली रही हमारी आँखें…
अब इससे ज्यादा उनका इन्तजार क्या करें…

उसके चले जाने के बाद हम मोहब्बत नही करते किसी से…
छोटी सी जिन्दगी में किस किस को अजमाते रहेंगे…

कोई ऐसी सजा दो मुझको चलो भुला दो मुझको…
तुमसे जुदा होऊँ तो मुझे मौत आ जाए…
दिल की गहराईयों से ये दुआ दो मुझको…

टुटे हुए दिल भी धड़कते है उम्र भर…
चाहे किसी की याद में या फिर किसी फरियाद में…

दिल लेकर मेरा अब जान मांगते है।

कैसा संगदिल है सनम मेरा,
प्यार सीखा कर वो जुदाई मांगते है।

मोहब्बत रब से हो तो सुकून देती है,
न खतरा हो जुदाई का न डर हो बेवफाई का।

हंसते हुए जख्मों को बुलाने लगे हैं,
हर दर्द के निशान मिटाने लगे हैं।

अब और कोई जुल्म सताएगा क्या,
जुल्मों सितम को तो सताने लगी है।

गलती भले किसी की
भी रही हो यारा,
रिश्ता तो हमारा ही
था ना जो टूट गया।

एक उम्मीद ही तो है
जिसके सहारे हम जीते है,
वरना साथ छोड़े
तो कई दिन हो गए।

देखा पलट के फिर
आँसू गिरा दिया,
कोई मजबूरी ही होगी
जो कह गई भूला दिया।

हमारी छोटी छोटी नोक-झोंक पर
लोगों ने हमें क्यूट कपल कह दिया
पर उन्हीं नोक-झोंक ने
हमारा ब्रेक अप करवा दिया।

चलो वापस चलते है
उस मोड़ पर जहाँ हम
तुम्हारे और तुम हमारे
कुछ ना लगते थे|

बिखरे हुए दिल ने भी उसके लिए फरियाद मांगी,
मेरी सांसो ने भी हर पल उसकी खुशी मांगी,
जाने क्या मोहब्बत थी उस बेवफा में… कि,
मैंने आखिरी फरियाद में भी उसकी वफा मंगी.

एक तेरा नाम लेते ही,
मेरे चेहरें पर मुस्कान आ जाती है,
मै कितनी ही मुश्किल में क्यों ना हूं,
मेरी जान में जान आ जाती है..

आँसू गिरने की आहट नही होती..
दिल के टूटने की आवाज नहीं होती,
गर होता उन्हें एहसास दर्द का..
तो दर्द देने की उन्हें आदत नहीं होती !!

वक़्त के मोड़ पे ये कैसा वक़्त आया है,
ज़ख़्म दिल का ज़ुबाँ पर आया है,
न रोते थे कभी काँटों की चुभन से,
आज न जाने क्यों फूलों की खुशबू से रोना आया है..

ये प्यारी निगाहॆं याद रहॆंगी…
मिलकर ना मिलने की अदा याद रहॆंगी,
मुमकिन नहीं की मॆं तुम्हॆ भुला दुं…
और उमर भर तुम्हॆ भी मेरी याद रहॆगी !!

दवा न काम आयी, काम आयी न दुआ कोई
मरीजे-इश्क थे आखिर हकीमों से शिकायत क्या

कितनी झूठी होती है मोहब्बतें कस्मे
देखो तुम भी ज़िंदा हो देखो मै भी ज़िंदा हूँ

बहुत नायाब होते हैं जिन्हें हम अपना कहते हैं
चलो तुमको इज़ाजत है कि तुम अनमोल हो जाओ

अगर इश्क करो तो आदाब-ए-वफ़ा भी सीखो
ये चंद दिन की बेकरारी मोहब्बत नहीं होती

अधूरी हसरतों का आज भी इलज़ाम है तुम पर
अगर तुम चाहते तो ये मोहब्बत ख़त्म ना होती

मेरे दिल को अब किसी से गिला नही,
मन से जिसे चाहा वो मुझे मिला नही ,
बदनसीबी कहू या वक्त की बेवफाई,
एक दिपक मिला था अन्धेरे में लेकिन
वो भी जला नहीं।

जो हर बार माफ़ी मांगता है
इसका मतलब यह नहीं के
गलती उसकी होती है बस
वह तुम्हे खोने से डरता है,

इश्क मे हर लम्हा खुशी का बन जाता हैं,
दिदार ए-यर भि खुदा का दिदर बन जाता है,
जब होता है नशा मोहब्बत का,
तो अक्सर आईना भि ख्वाब बन जाता हैं

ज़िन्दगी में प्यार क्या होता है
उस शख्स से पूछो जिसने दिल
टूटने के बाद भी किसी का इंतज़ार
किया हो,

वक़्त के मोड़ पे ये कैसा वक़्त आया है
ज़ख़्म दिल का ज़ुबाँ पर आया है
न रोते थे कभी काँटों की चुभन से
आज न जाने क्यों फूलों की खुशबू से रोना आया है.

यार की महफिल में हम जाकर अजीब सी…
उलझन में फस गए अगर पी लेते तो प्यार चला जाता…
और ना पीते तो यार चला जाता…

पत्थर की दुनिया जज्बात नहीं समझती…
दिल में क्या है वो बात नहीं समझती…
तन्हा तो चाँद भी सितारों के बीच में है…
पर चाँद का दर्द वो रात नहीं समझती…

मुनासिब समझो तो मौत ही दे दो ऐ इश्क…
दिल दिया है इतना दाम तो बनता है मेरा…

क्या बेचकर हम खरीदें फुर्सत-ऐ-जिंदगी को…
सब कुछ तो बेच आए हैं मोहब्बत के बाजार में…

मैं तेरी खुशियाँ बाटने शायद अब मैं न आ सकुं…
पर ये वादा रहा तुमसे…
जब गम आए तो खबर कर देना सारे के सारे ले जाऊँगा…

हमने तो वो खोया जो कभी हमारा था ही नहीं,
लेकिन तूने वो खोया जो कभी सिर्फ तेरा था।

किसी ने सच कहा है#अपनी तकदीर की आजमाइश ना कर,
अपने गमों की

नुमाइश ना कर,#जो तेरा है तेरे पास खुद आयेगा,
रोज रोज उसे पाने की ख्वाहिश ना कर।

तू चाँद मैं सितारा होता,
आसमान में एक आशिया हमारा होता।

लोग तुझे दूर से देखा करते और
सिर्फ पास रहने का हक हमारा होता।

प्यार की आंच से तो पत्थर भी पिघल जाता है
सच्चे दिल से साथ दे तो नसीब भी बदल जाता है।

अनदेखे धागो से
यूँ बांध गया कोई,
वो साथ भी नही
और हम आजाद भी नही।

लाख वजह दिया मैंने
साथ रहने के।
मेरी एक गलती को
वजह बता कर वो चल दिये।

वह लोग जो एक दफा
मुड़ कर भी ना देखे,
उनकी याद आज भी
रुला जाती है।

तेरा धोखा भी मंजूर था,
तेरा छोड़ना भी मंजूर था,
इक बारी बाता तो देता,
मुझे तो मेरा मरना भी मंजूर था।

यकीन नहीं होता आप बेवफ़ा हो,
शायद मुझसे ही कोई
भूल हुई होगी।

मैंने कुछ इस तरह से खुद को संभाला है,
तुझे भुलाने को दुनिया का भरम पाला है,
अब किसी से मुहब्बत मैं नहीं कर पाता,
इसी सांचे में एक बेवफा ने मुझे ढाला है…!!

आग दिल में लगी जब वो खफ़ा हुए,
महसूस हुआ तब, जब वो जुदा हुए,
करके वफ़ा कुछ दे ना सके वो,
पर बहुत कुछ दे गए जब वो बेवफ़ा हुए..!! ✍

वो छोड़ के गए हमें,
न जाने उनकी क्या मजबूरी थी,
खुदा ने कहा इसमें उनका कोई कसूर नहीं,
ये कहानी तो मैंने लिखी ही अधूरी थी..!!

अगर दुनिया में जीने की चाहत न होती,
तो खुदा ने मोहब्बत बनायी न होती,
इस तरह लोग मरने की आरजू न करते,
अगर मोहब्बत में किसी की बेवफाई न होती..!!

न पूछ मेरे सब्र की इन्तहां कहाँ तक है,
तू सितम कर ले तेरी हसरत जहाँ तक है,
वफ़ा की उम्मीद जिन्हें होगी उन्हें होगी,
हमे तो देखना है तू बेवफा कहाँ तक है..!

रस्मों रिवाज की जो परवाह करते हैं,
प्यार में वो लोग गुनाह करते हैं,
इश्क वो जुनून है जिसमें दीवाने,
अपनी खुशी से खुद को तबाह करते हैं..

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